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वर्ल्ड एनवायरनमेंट एक्सपो 2026 का भव्य समापन: सस्टेनेबिलिटी, स्वच्छ ऊर्जा और वेस्ट मैनेजमेंट पर राष्ट्रीय मंथन

ग्रेटर नोएडा/ फेस वार्ता:ग्रेटर नोएडा के इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में आयोजित तीन दिवसीय वर्ल्ड एनवायरनमेंट एक्सपो 2026 का सफल समापन हुआ। एक्सपो के अंतिम दिन आयोजित वर्ल्ड एनवायरनमेंट कॉन्फ्रेंस 2026, बायोफ्यूल कॉन्फ्रेंस 2026 और ऑल इंडिया मेयर्स एंड RWAs समिट 2026 ने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ ऊर्जा, जलवायु परिवर्तन, सतत विकास और कचरा प्रबंधन जैसे अहम मुद्दों पर राष्ट्रीय स्तर पर सार्थक संवाद को नई दिशा दी।
इन तीनों आयोजनों ने नीति निर्माताओं, उद्योग जगत के प्रतिनिधियों, वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं, नगर निकायों, रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशनों (RWA) और पर्यावरण विशेषज्ञों को एक साझा मंच प्रदान किया, जहां भारत के हरित और टिकाऊ भविष्य को लेकर व्यापक विचार-विमर्श हुआ।
यह आयोजन इंडियन एग्जीबिशन सर्विसेज (IES) द्वारा इंटरनेशनल कन्फेडरेशन ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (ICTI) के सहयोग से आयोजित किया गया। सम्मेलन में पर्यावरणीय चुनौतियों के समाधान, नवीकरणीय ऊर्जा के विस्तार, सतत शहरी विकास, सर्कुलर इकोनॉमी और प्रभावी वेस्ट मैनेजमेंट को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव और रणनीतियां सामने आईं।
स्वच्छ और सशक्त भविष्य के लिए संवाद जरूरी: स्वदेश कुमार
इंडियन एग्जीबिशन सर्विसेज के संस्थापक एवं सीईओ तथा वर्ल्ड एनवायरनमेंट एक्सपो के आयोजक स्वदेश कुमार ने कहा कि ऐसे सम्मेलन विभिन्न क्षेत्रों के हितधारकों को एक मंच पर लाकर विचारों, अनुभवों और नवाचारों के आदान-प्रदान का अवसर प्रदान करते हैं।
उन्होंने कहा, "पर्यावरणीय स्थिरता, स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने और प्रभावी कचरा प्रबंधन के लिए सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं। ऑल इंडिया मेयर्स एंड RWAs समिट ने यह संदेश दिया कि स्वच्छ और टिकाऊ शहरों के निर्माण में नागरिकों, स्थानीय निकायों और समाज की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। स्वच्छ शहर ही स्वच्छ राष्ट्र की नींव हैं।"
सामूहिक प्रयासों से ही संभव होगा हरित भारत का निर्माण
सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश विधानसभा के सदस्य नंद किशोर गुर्जर शामिल हुए। वहीं ICTI के महासचिव नीरज अरोड़ा ने पर्यावरणीय चुनौतियों से निपटने के लिए सरकार, उद्योग और समाज के बीच मजबूत सहयोग की आवश्यकता पर बल दिया।
उन्होंने कहा कि भारत को नेट-जीरो लक्ष्यों और सतत विकास की दिशा में तेजी से आगे बढ़ाने के लिए सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के बीच साझेदारी को और मजबूत करना होगा।
नेट-जीरो 2070 के रोडमैप पर हुई विशेष चर्चा
सम्मेलन का एक प्रमुख आकर्षण "नेचर से प्रेरित: क्लाइमेट एक्शन और नेट-जीरो 2070 के लिए रणनीतिक दृष्टिकोण" विषय पर आयोजित विशेष सत्र रहा। इसमें जलवायु अनुकूलन, ऊर्जा दक्षता, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण, सर्कुलर इकोनॉमी और दीर्घकालिक पर्यावरणीय नीतियों पर विशेषज्ञों ने अपने विचार साझा किए।
विशेषज्ञों ने इस बात पर जोर दिया कि भारत के नेट-जीरो 2070 लक्ष्य को हासिल करने के लिए तकनीकी नवाचार, नीतिगत सुधार और जनभागीदारी को समान रूप से बढ़ावा देना होगा।
मेयर्स और RWAs ने साझा किए स्वच्छ शहरों के मॉडल
एक्सपो के अंतिम दिन आयोजित ऑल इंडिया मेयर्स एंड RWAs समिट 2026 ने विशेष आकर्षण का केंद्र बनाया। इस राष्ट्रीय सम्मेलन में देशभर के मेयर, नगर निकाय प्रतिनिधि, RWA पदाधिकारी, उद्योग विशेषज्ञ और सरकारी अधिकारियों ने भाग लिया।
समिट में कचरा पृथक्करण, रीसाइक्लिंग, नागरिक सहभागिता, शहरी स्वच्छता और सतत शहर नियोजन जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा हुई। वक्ताओं ने कहा कि वेस्ट मैनेजमेंट की सफलता केवल सरकारी प्रयासों से नहीं, बल्कि नागरिकों की सक्रिय भागीदारी से ही संभव है।
प्रदर्शनी में दिखे हरित तकनीकों के नवीन समाधान
एक्सपो के समापन दिवस पर उत्तर प्रदेश विधानसभा सदस्य सोमेंद्र तोमर ने प्रदर्शनी का अवलोकन किया और विभिन्न प्रदर्शकों एवं उद्योग प्रतिनिधियों से संवाद किया।
उन्होंने आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि यह मंच पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ तकनीकों, नवीकरणीय ऊर्जा, रीसाइक्लिंग समाधानों और जलवायु-अनुकूल विकास को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
नवाचार और सहयोग के साथ हुआ सफल समापन
4 से 6 जून 2026 तक आयोजित वर्ल्ड एनवायरनमेंट एक्सपो 2026 ने एक बार फिर यह साबित किया कि पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास की दिशा में भारत तेजी से आगे बढ़ रहा है। तीन दिनों तक चले इस आयोजन ने उद्योग, सरकार, शोध संस्थानों और समाज के विभिन्न वर्गों के बीच संवाद, नवाचार और सहयोग को मजबूत करने का कार्य किया।
एक्सपो का समापन इस संकल्प के साथ हुआ कि स्वच्छ ऊर्जा, पर्यावरण संरक्षण, सर्कुलर इकोनॉमी और सतत विकास के माध्यम से आने वाली पीढ़ियों के लिए एक सुरक्षित और हरित भविष्य सुनिश्चित किया जाएगा।

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