ग्रेटर नोएडा/ फेस वार्ता भारत शर्मा: शहर में उन्नत चिकित्सा सेवाओं की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि दर्ज करते हुए शारदाकेयर हेल्थ सिटी अस्पताल ने पहली बार डीप ब्रेन स्टिमुलेशन (DBS) सर्जरी सफलतापूर्वक संपन्न की है। यह जटिल सर्जरी पार्किंसंस रोग से पीड़ित एक मरीज पर की गई, जिसे वरिष्ठ न्यूरोसर्जन डॉ. रविंद्र श्रीवास्तव के नेतृत्व में अंजाम दिया गया।
डीबीएस एक अत्याधुनिक न्यूरोमॉड्यूलेशन तकनीक है, जिसमें मस्तिष्क के सबथैलेमिक न्यूक्लियस में अत्यंत सूक्ष्म इलेक्ट्रोड स्टीरियोटैक्टिक विधि से प्रत्यारोपित किए जाते हैं। यह प्रक्रिया अत्यधिक सटीकता की मांग करती है, जिसके लिए उन्नत इमेजिंग तकनीक और सर्जरी के दौरान न्यूरोफिज़ियोलॉजिकल मॉनिटरिंग का सहारा लिया जाता है।
सर्जरी के दौरान लगाए गए इलेक्ट्रोड को एक रिचार्जेबल पल्स जनरेटर से जोड़ा जाता है, जिसे शरीर के बाएं सबस्कैपुलर क्षेत्र में त्वचा के नीचे स्थापित किया जाता है। यह उपकरण निरंतर विद्युत संकेत देकर मस्तिष्क की असामान्य गतिविधियों को नियंत्रित करता है, जिससे मरीज में कंपकंपी, मांसपेशियों की अकड़न और धीमी गति (ब्रैडीकाइनेसिया) जैसे लक्षणों में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिलता है।
आमतौर पर डीबीएस का उपयोग पार्किंसंस रोग के इलाज में किया जाता है, लेकिन यह डिस्टोनिया और एसेंशियल ट्रेमर जैसे अन्य मूवमेंट डिसऑर्डर में भी प्रभावी साबित हो चुका है, खासकर उन मरीजों के लिए जिन पर दवाओं का असर सीमित होता है।
इस उपलब्धि पर डॉ. रविंद्र श्रीवास्तव ने कहा कि यह सफलता शारदाकेयर अस्पताल की उन्नत न्यूरोसर्जरी क्षमताओं को दर्शाती है। उन्होंने बताया कि अब स्थानीय स्तर पर इस तरह की जटिल सर्जरी उपलब्ध होने से मरीजों को बड़े महानगरों का रुख नहीं करना पड़ेगा, जिससे समय और खर्च दोनों की बचत होगी।
यह ऐतिहासिक सर्जरी शारदाकेयर हेल्थ सिटी अस्पताल को क्षेत्र में अत्याधुनिक न्यूरोमॉड्यूलेशन उपचार उपलब्ध कराने वाले अग्रणी केंद्र के रूप में स्थापित करती है। साथ ही, यह उपलब्धि जटिल तंत्रिका संबंधी रोगों के इलाज के लिए नए अवसर खोलती है और मरीजों के बेहतर उपचार परिणामों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
सर्जरी के सफल निष्पादन में डॉक्टरों और विशेषज्ञों की पूरी टीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
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